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क्या आपके बच्चे भी खून की कमी से जूझ रहे हैं, जानिए ऐसे!

हीमोग्लोबिन की कमी एक सामान्य समस्या है. लेकिन इस पर ध्यान नहीं दिया जाए तो समस्या गंभीर हो सकती है. BACHO ME KHOON KI KAMI

हीमोग्लोबिन की कमी (BACHO ME KHOON KI KAMI) एक सामान्य समस्या है. लेकिन इस पर ध्यान नहीं दिया जाए तो समस्या गंभीर हो सकती है. शरीर में कुछ खनिज व विटामिन की कमी के कारण यह बीमारी घर करती है. अगर शरीर में संतुलित आहार नहीं जा पाता तो पोषक तत्वों की कमी होती है.

खासकर बच्चों में यह स्थिति ज्यादा गंभीर होती है. अमूमन माना जाता है कि लड़कों की तुलना में लड़कियों में हीमोग्लोबिन का स्तर थोड़ा कम होता है. बच्चों के शरीर में खून की कमी (BACHO ME KHOON KI KAMI) लौह तत्व की कमी के कारण होती है. उन बच्चों में खून की कमी होती है जिनका जन्म वक्त से पहले हो जाता है.

लेकिन सवाल है कि अगर आपके बच्चे के शरीर में खून की कमी (BACHO ME KHOON KI KAMI) है तो आपको इसकी जानकारी कैसे होगी. क्योंकि बीमारी का वक्त पर पता नहीं चलने से ये गंभीर रूप धारण कर लेती है. इसलिए पहले बीमारी के लक्षणों को जानना बहुत जरूरी है.

लक्षण –

  • एक बात आपने ध्यान दिया होगा कि बच्चे का रंग चाहे जो भी हो लेकिन उसके चेहरे पर लालिमा रहती है. उनका चेहरा हमेशा ग्लो करता रहता है. लेकिन जब बच्चे के शरीर में खून की कमी होती है तो उसका चेहरा लाल नहीं बल्कि सफेद दिखने लगता है.
  • जिन बच्चों में खून की कमी नहीं होती उनकी हथेलियां लाल रंग की होती है लेकिन जिनमें खून की कमी होती है उनकी हथेलियां भी सफेद दिखने लगती है.
  • बच्चे में चिड़चिड़ापन आ जाता है. छोटी-छोटी बातों पर बच्चा हर वक्त रोता रहता है. ये भी शरीर में खून की कमी के लक्षण हैं.
  • खून की कमी (BACHO ME KHOON KI KAMI) का असर बच्चे के शरीर पर पड़ता है. जैसे जिस बच्चे के शरीर में खून की कमी होती है उनका वजन सामान्य से कम रहता है. उसके शरीर का विकास तो धीमी गति से होता ही है, बच्चे की लंबाई भी नहीं बढ़ती. बच्चो को हल्की बुखार के साथ सर्दी-जुकाम की भी समस्या रहती है.
  • इम्यूनिटी कम होने की वजह से बच्चा हमेशा बीमारी रहने लगता है.
  • बच्चे के आंखों की भीतरी त्वचा, नाखून व होंठ भी सफेद दिखने लगते हैं.
  • जिस बच्चे में खून की कमी होती है वह खेलते वक्त जल्दी थक जाते हैं.
  • इन तमाम लक्षणों से आपको पता चल जाएगा कि बच्चे के शरीर में खून की कमी है. कई बार तो यह बीमारी अनुवांशिक भी होती है. यानी परिवार में अगर किसी को यह बीमारी है तो फिर बच्चे में भी यह हो सकती है. इस बीमारी का प्रभाव दिमाग पर भी पड़ता है.

खून की कमी का इलाज –

बच्चे की उम्र अगर 6 महीन से ऊपर है तो उसमें हीमोग्लोबिन की कमी को निम्न तरीके से पूरी की जा सकती है.

1. सेब का जूस – BACHO ME KHOON KI KAMI

सेब के छिलके को हटाकर उसका रस निकालें. इस रस में शहद मिलाकर उसका मिश्रण तैयार करें वे बच्चे को पिलाएं. सेब के जूस में लौह तत्व की मात्रा ज्यादा पाई जाती है.

2. अनार – Pomegranate

अनार तो रक्त बढ़ाने का ऐसा स्त्रोत है कि जो बड़ों से साथ-साथ बच्चों में भी जल्द रक्त वृद्धि करता है. बच्चे को ऐसे अनार खाने को दें या फिर उसका जूस ही पीने को दें. खून बढ़ाने के लिए दोनों ही फायदेमंद साबित होता है.

3. टमाटर – BACHO ME KHOON KI KAMI

टमाटर हीमोग्लोबिन बढ़ाने का अच्छा स्त्रोत है. बच्चे में खून की कमी को पूरा करने के लिए उसे रोजाना 5 से 7 चम्मच टमाटर का सूप पिलाएं.

4. चुकंदर का रस – Beets

चुकंदर खून में हीमोग्लोबिन निर्माण करने व लाल रक्त कणों की सक्रियता बढ़ाने में बेहतर कारगर है. चुकंदर में आयरन के तत्व बहुत अधिक मात्रा में पाए जाते हैं. बच्चे को इसका रस पीने को दें तो यह बेहद कारगर साबित होगा.

5. हरी सब्जियां – Green Vegetables

हरी सब्जियां भी बच्चे में खून की कमी को दूर करने का बेहतर स्त्रोत है. बच्चे को पालक, टमाटर, लौकी समेत अन्य हरी सब्जियों का सूप बनाकर पीने को दें, लाभदायक होगा.

6. मुनक्का – BACHO ME KHOON KI KAMI

हीमोग्लोबिन को तेजी से बढ़ाने में मुनक्का भी लाभकारी है. इसके बेहतर रिजल्ट के लिए इसे रात को ही पानी में भिगो दें. सुबह इसके पानी को छानकर बच्चे को पीने के लिए दें. किछ दिनों तक इसका सेवन करने से बच्चे में हीमोग्लोबिन की मात्रा सामान्य हो जाती है.

7. अमरूद – Guava

पके हुए अमरूद का रस भी इस बामारी को दूर करने का अच्छा साधन है. अमरूद जितना अधिक पका होगा वह उतना ही ज्यादा पौष्टिक होगा. पका अमरूद खाने वालों के शरीर में हीमोग्लोबिन की कमी नहीं रहती है.

8. खजूर – Date

हीमोग्लोबिन की कमी को पूरी करने के लिए बच्चे को दूध में इसका सिरप मिलाकर दें. क्योंकि उन्हें खजूर खिलाना मुश्किल काम है. इसलिए सिरप देना ही सही होगा.

9. गाजर – Carrot

गाजर का जूस पीना या फिर इसका प्यूरी बनाकर सेवन करना दोनों ही फायदेमंद होगा.

10. केला – Banana

बच्चे को दूध के साथ मिक्स करके केला दें. इसमें मिलने वाला प्रोटीन, आयरन व खनिज शरीर में खून की वृद्धि करता है.

बच्चे के शरीर में खून की कमी (BACHO ME KHOON KI KAMI) होना चिंता का विषय है. समय रहते इसका समाधान हो तो बेहतर है. आपकी सहायता के लिए हमने इस जरूरी विषय पर अपना सुझाव साझा किया है. आप भी इसका लाभ उठाएं व अपने अनुभव को ‘योदादी’ के साथ कमेंट कर जरूर साझा करें. #KhoonKiKami

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