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Informal Letter format in Hindi: अनौपचारिक पत्र लेखन उदाहरण

रचनात्मक तरीके से लिखा गया पत्र हमारा प्रभाव बढ़ाने के साथ-साथ पाठक पर हमारे व्यक्तित्व की छाप भी छोड़ता है. (Informal Letter format in Hindi)

आज भले ही अपनी बात पहुंचाने के लिए विभिन्न आधुनिक माध्यमों जैसे मोबाइल फोन, ईमेल, फैक्स जैसे संसाधन उपलब्ध है. लेकिन पत्र लेखन का महत्व आज भी बरकरार है. पत्र लेखन (Informal Letter format in Hindi) वास्तव में एक कला है और इसे प्रयास से ही प्राप्त किया जा सकता है. सही और रचनात्मक तरीके से लिखा गया पत्र ना केवल हमारा प्रभाव बढ़ाता है बल्कि पाठक पर हमारे व्यक्तित्व की छाप भी छोड़ता है. पत्र लेखन के माध्यम से हम किसी व्यक्ति के दिल को जीतने के साथ-साथ उससे मित्रता भी बढ़ा सकते हैं. इसके माध्यम से हम समाज को भी अपने वश में कर सकते हैं.

Informal Letter Format

पत्र लेखन की योग्यता प्राप्त कर हम दूर बैठे व्यक्तियों पर अपने मन के भावों को प्रकट कर उनसे मिलने का आनंद ले सकते हैं. जो व्यक्ति पत्र लिखने की कला में माहिर होता है वो दूर बैठे किसी अनजान व्यक्ति को भी अपना मित्र बना सकता है. पत्र लेखन दो प्रकार का होता है, औपचारिक पत्र लेखन और अनौपचारिक पत्र लेखन. हम यहां अनौपचारिक पत्र लेखन का उदाहरण जानते हैं.

अनौपचारिक पत्र लेखनInformal Letter format in Hindi

अनौपचारिक पत्र लेखन एक ऐसा पत्र जिसे अपने निजी जीवन से जुड़े लोगों को लिखते हैं. जिसमें माता-पिता, परिजन, दोस्त व सगे-संबंधी शामिल हैं. यह पत्र पूरी तरह से व्यक्तिगत होता है. इसमें व्यक्ति अपनी भावनाओं, विचारों व सूचनाओं को अपने प्रियजनों तक पहुंचाते हैं. इस पत्र में भाषा बहुत ही सरल, सहज और मधुर होती है.

यह पत्र (Informal Letter format in Hindi) अपने प्रियजनों को भेजा जाता है जिसमें उनसे हालचाल पूछना, निमंत्रण, धन्यवाद व महत्वपूर्ण सूचना देना शामिल है. इसलिए इस पत्र की संख्या भी इसे लिखने वाले व्यक्ति पर ही निर्भर करती है.

1. जन्मदिन के उपहार का धन्यवाद करने के लिए चाचा को पत्र

B-9, D-3,
बड़ी सड़क, संजरपुर,
आजमगढ़, उत्तर प्रदेश – 228728

चरणस्पर्श चाचा जी,

हमलोग यहां पर कुशल मंगल से हैं और आशा करते हैं कि आप भी वहां कुशल मंगल होंगे. आदरणीय चाचा जी पिछले महीने मेरा जन्मदिन था और मुझे वह पत्र मिला जिसमें आपने न आने का कारण बताया था. मैं उस पत्र को पढ़ने के बाद से बहुत ही ज्यादा नाराज हूं. क्योंकि मैं आपके आने की पूरी उम्मीद लगाकर बैठा था और आपने न आकर मेरी सारी उम्मीदों पर पानी फेर दिया. उस पत्र के साथ आपने मेरे जन्मदिन का उपहार भी भेजा था, वैसे कोई भी उपहार आपकी मौजूदगी से ज्यादा शायद ही मुझे खुशी देता है लेकिन इस उपहार को पाकर मैं बहुत ज्यादा खुश और संतुष्ट हूं.

चाचाजी आप यह तो जानते ही हैं कि मैं समय का कितना पाबंद हूं और इसलिए आपने मुझे यह घड़ी भेंट स्वरूप देकर मेरे इरादों को और भी मजबूत कर दिया है. आपकी यह घड़ी मुझे हमेशा ही अनुशासन और समय के महत्व को बताती रहेगी. यह घड़ी पाकर मैं बहुत ज्यादा खुश हूं और प्रार्थना करता हूं कि मेरे अगले जन्मदिन पर आप जरूर मौजूद रहें. मेरी तरफ से चाची जी को चरण स्पर्श. नेहा और अभय को मेरा बहुत सारा स्नेह.

आपका आज्ञाकारी

रोहित

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2. अपने मित्र को अपने विवाह का निमंत्रण देने के लिए पत्रInformal Letter format in Hindi

57/2, जी 25,
नई मछली कॉलोनी,
महावीर रोड,
हिसार, हरियाणा

प्रिय मित्र स्नेहा,

नमस्कार. कैसी हो तुम. न जाने तुम्हारा पत्र आए हुए कितने ही दिन बीत जाते हैं. मैं अक्सर ही तुम्हें और तुम्हारे साथ बिताए हुए बचपन के पलों को याद करके भावुक हो जाती हूं. मुझे आज भी तुम्हारे साथ बिताया हुआ एक एक दिन याद है. बचपन के वो सुनहरे दिन न जाने कैसे बीत गए, न जाने हम कैसे बड़े हो गए, लेकिन समय का यही नियम है बीतते रहना. आज समय बीतते बीतते बहुत ही आगे आ चुका है. मैं तुम्हें एक खुशखबरी देना चाहती हूं कि अनंत के साथ मेरा विवाह 26 नवंबर को तय हुआ है. विवाह में तुम्हारा आना अति अनिवार्य है और इस मौके पर मैं कोई भी बहाने नहीं सुनूंगी. उम्मीद करती हूं कि तुम मुझे निराश नहीं करोगी और शादी में जरूर आओगी. जीजा जी को मेरा नमस्कार बोलना.

तुम्हारी

साक्षी

3. अपने पिता से फीस शुल्क मांगने के लिए पत्रInformal Letter format in Hindi

86/4, गली नंबर 12,
हरफूल विहार, बापरोला विहार,
नजफगढ़, नई दिल्ली- 110038,

आदरणीय पिताजी,

चरणस्पर्श. मैं यहां कुशल मंगल हूं और आशा करता हूं कि आप, मम्मी, छोटा भाई प्रतीक और बहन प्रिया भी वहां पर ठीक होगी. पिताजी बनारस हिंदू विश्वविद्यालय में पढ़ते हुए मुझे एक वर्ष हो चुका है और मैं यहां पर काफी कुछ सीख रहा हूं. पिताजी यहां ऐसा महसूस होता है जैसे मैं अपने घर में ही हूं. विश्वविद्यालय का माहौल भी काफी अच्छा है और मेधावी छात्रों के कारण यह यूनिवर्सिटी बहुत ही प्रतिष्ठित लगती है. पिताजी मैं आपको यह बताना चाहता (Informal Letter format in Hindi) हूं कि सेकेंड इयर का शुल्क जमा करने की तिथि आ चुकी है और आपसे यह निवेदन है कि कृपया फीस शुल्क अतिशीघ्र भेज दें, ताकि मैं उसे जमा करा सकूं. मम्मी को मेरा चरणस्पर्श, छोटे भाई और बहन को मेरा स्नेह दीजिएगा.

आपका अनन्य पुत्र

अनंत

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